NIA ने म्यांमार में कथित तौर पर भारत-विरोधी सशस्त्र समूहों को ट्रेनिंग देने के आरोप में गिरफ्तार छह यूक्रेनी नागरिकों और एक अमेरिकी नागरिक के खिलाफ पहली चार्जशीट दाखिल की है। हालांकि, इस चार्जशीट में आरोपियों पर गैरकानूनी गतिविधियां रोकथाम अधिनियम यानी UAPA नहीं लगाया गया है।
NIA ने मंगलवार को विशेष अदालत में दाखिल अपनी पहली चार्जशीट में आरोपियों पर केवल आव्रजन कानूनों के उल्लंघन से जुड़े आरोप लगाए हैं।
एजेंसी ने अदालत को बताया कि जरूरत पड़ने पर बाद में पूरक चार्जशीट दाखिल की जा सकती है।
इन विदेशी नागरिकों को मार्च में गिरफ्तार किया गया था। NIA के अनुसार, आरोपी पर्यटक वीजा पर भारत आए थे और आवश्यक अनुमति लिए बिना पूर्वोत्तर क्षेत्र की यात्रा की थी।
मामला उस समय भी चर्चा में आया था जब अमेरिकी राजदूत सर्जियो गोर ने मई में अपनी भारत यात्रा के दौरान विदेश सचिव विक्रम मिस्री और अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो के साथ इस केस को उठाया था।
पहली चार्जशीट में UAPA न लगाए जाने को अहम माना जा रहा है, क्योंकि आरोपियों पर शुरुआती तौर पर म्यांमार में भारत-विरोधी सशस्त्र समूहों को प्रशिक्षण देने जैसे गंभीर आरोप लगे थे।
फिलहाल NIA ने केवल इमिग्रेशन नियमों के उल्लंघन को चार्जशीट का आधार बनाया है, जबकि आगे की जांच के आधार पर अतिरिक्त आरोप जोड़े जाने की संभावना खुली रखी गई है।



















