पूर्वोत्तर भारत के सिक्किम में एक निर्माणाधीन सुरंग में विस्फोट के बाद फंसे सभी 25 लोगों की मौत हो गई है। अधिकारियों ने गुरुवार को बताया कि चार दिन तक चले व्यापक खोज और बचाव अभियान के बाद सभी शव बरामद कर लिए गए हैं।
हादसा सोमवार को सिक्किम के नामची जिले में एक जलविद्युत परियोजना की निर्माणाधीन सुरंग में हुआ था। सरकारी कंपनी नेशनल हाइड्रोइलेक्ट्रिक पावर कॉरपोरेशन यानी NHPC के अनुसार, चट्टानों के भीतर मौजूद संदिग्ध मीथेन गैस के अचानक फटने से विस्फोट हुआ, जिसके बाद सुरंग में घना धुआं और जहरीली गैसें फैल गईं।
NHPC के बयान के अनुसार, सुरंग में फंसे लोगों में 19 मजदूर पटेल इंजीनियरिंग लिमिटेड से जुड़े थे।
अधिकारियों ने कहा कि कई बचाव एजेंसियों के लगातार प्रयासों के बाद गुरुवार को खोज और बचाव अभियान समाप्त कर दिया गया।
बयान में कहा गया, “दुर्भाग्यपूर्ण रूप से सभी 25 लोगों की मौत हो गई और अभियान के दौरान उनके शव बरामद किए गए।”
अधिकारियों के अनुसार, प्रारंभिक जांच से संकेत मिलता है कि विस्फोट ज्वलनशील गैस के रिसाव के कारण हुआ हो सकता है। हालांकि, हादसे के सटीक कारण की पुष्टि विस्तृत विशेषज्ञ जांच के बाद ही होगी।
सुरंग के भीतर जहरीली गैस, धुआं और अस्थिर हालात के कारण बचाव अभियान बेहद चुनौतीपूर्ण रहा। राहत दलों को अंदर तक पहुंचने और शवों को निकालने में कई दिन लग गए।
























